रविवार, 5 अप्रैल 2026

अब अनियमित कर्मचारियों की बड़ी तैयारी

अब अनियमित कर्मचारियों की बड़ी तैयारी 


एक तरफ़ प्रदेश में बढ़ते अपराध और बिगड़ती क़ानून व्यवस्था ने आम आदमी के सामने मुश्किल खड़ा कर दिया है तो  दूसरी तरफ अनियमित कर्मचारी भी सरकार के द्वारा ठगे जाने को लेकर बड़े आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं बार-बार ठगे जा रहे हैं अनियमित कर्मचारी हम विस्तार से एक एक घटनाक्रम आपको बताएंगे कि किस तरीके से बच्चों को उफनती नदी पार करना पड़ रहा है पढ़ाई के लिए तो आत्मानंद  स्कूलों को किस तरीके से बर्बाद करने की कोशिश की जा रही है कहा जाए तब भी गलत नहीं होगा इसके अलावा महतारी वंदन योजना को लेकर क्या विवाद चल रहा है क्यों ओपी चौधरी ने भूपेश बघेल को चैलेंज किया और भूपेश बघेल उस चैलेंज को किस तरीके से स्वीकारा यह सब बताएं उससे पहले आज सबसे पहले बता देते हैं कि कांग्रेस ने जन आंदोलन की बड़ी तैयारी की है और  कहा जा रहा है कि बलौदा बाजार जैसी घटनाओं को रोकने के लिए ही किया गया है याद कीजिए आप बलौदा बाजार में किस तरीके से सतनामी समाज के प्रदर्शन के दौरान हिंसक झड़पें हुई थी किस तरीके से एसपी कार्यालय जला दिए गए थे। ऐसी घटनाओं को रोकने सरकार अब मुस्तैद दिखाई देती है 

तब ऐसे में अनियमित कर्मचारियों के सामने क्या रास्ता है क्योंकि सत्ता अपनी बातों से मुकर रही है जब विपक्ष में थे भारतीय जनता पार्टी विपक्ष में थी तब उनके नेता किस तरीके से भूपेश सरकार के अत्याचार को लेकर अनियमित कर्मचारियों के पंडालों में जाते थे और सत्ता आने पर उन्हें नियमित कर देने का वादा करते थे उस दौर में रमन सिंह से लेकर जो मोहन सेठ है मनत सेठ है सब तरह के भाजपा के नेता इन अनियमित कर्मचारियों के मंचों पर जाकर उनके नियमितीकरण की मांग को स्वीकार करते थे लेकिन सात माह बीत गए अपने को ठगा महसूस कर रहे हैं अनियमित कर्मचारी और वे बड़े प्रदर्शन की तैयारी में उससे पहले वे धरना प्रदर्शन कर रहे हैं निमित कर्मचारी संघ के पदाधिकारी ने क्या कहा पहले यह सुन लीजिए छतीसगढ़ प्रमित कर्मचारी फेडरेशन प्रदेश के शासकीय कार्याल में का अमित कर्मचारियों की निमक निकाले गए कर्मचारियों की बहाली न्यूनतम न्यून वेतन पाने वाले कर्मचारी को न्यूनतम वेतन देने अंशकालीन कर्मचारी को पूर्ण कालीन करने एवं और स सि ठेका प्रथा सेवा प्रदाता समूह समिति के माध्यम से कर्मचारियो को भाग में रखने जैसे मुद्दे को लेकर के कल 20 जुलाई 2024 को ध्यानाकर्षण रैली कर रहा है इसके माध्यम से हम अपनी बातों को मजबूती से शासन प्रशासन के समक्ष रखेंगे तब ऐसे में क्या अनियमित कर्मचारी इस सरकार के द्वारा भी ठगे जाएंगे क्योंकि लगातार रमन सिंह जब सत्ता में थे उस समय से अनियमित कर्मचारी अपनी मांग कर रहे हैं भूपेश बघेल और पूरी कांग्रेस उनकी मांग को स्वीकार करने का वादा करते हुए सत्ता में आई थी लेकिन साल उसने भी कुछ नहीं किया केवल कुछ कागजी कारवाही की बात करते रही लेकिन अनियमित कर्मचारियों का कुछ नहीं हुआ तब अनियमित कर्मचारी छह सात माह इस नए सरकार का इंतजार करते रहे इस विष्णु देव साय की सरकार के वादों का इंतजार करते रहे और अब उनका शब्द टूटने लगा है तो दूसरी तरफ कई तरह के वादे किए थे विधानसभा जीतने के लिए भारतीय जनता पार्टी में में उसमें से एक बड़ा वादा था मतारी वंदन योजना जिसके तहत हर शादीशुदा महिला को 1000 देने की बात कही गई थी साल में 12000 लेकिन सत्ता में आने के बाद कुछ नियम बना दिए गए और उस नियम के तहत लाखों महिलाओं को इस लाभ से वंचित कर दिया गया और अब नया विवाद यह शुरू हो गया है कि क्या बीपीएल या निम्न आय वाले परिवार की सभी महिलाओं को महतारी वंदन योजना का लाभ मिल रहा है और इसे लेकर ओपी चौधरी ने कांग्रेस के आरोप पर कह दिया कि वे तैयार हैं यदि महिलाएं ला दे कि जो वंचित हैं और भूपेश बघेल ने इसे स्वीकार करते हुए यहां तक कह दिया कि गांव क्यों जाए आइए रायपुर शहर में आप रहते हैं राय शहर से ही कुछ वार्डों में जाकर पता कर लेते हैं यह चैलेंज क्या ओपी चौधरी स्वीकार करेंगे ओ पी चौधरी इन दिनों सुपर सीएम कहलाते हैं और उन्होंने नौकरी को लेकर क्या कुछ कहा यह भी किसी से छिपा नहीं है 2 साल में 1 लाख लोगों को नौकरी देने का वादा किया है भारतीय जनता पार्टी ने।और ओपी चौधरी के पास जब युवा पहुंचे तो वे किस तरीके से जवाब दिए यह भी किसी से छिपा नहीं है नौकरी नहीं है फंड नहीं है वगैरह वगैरह कई तरह की बात उन्होंने कर दी और इसे लेकर विवाद भी मचा है युवाओं में आक्रोश भी है तब महतारी वंदन योजना को लेकर भूपेश बघेल ने जो चैलेंज किया है क्या ओपी चौधरी उसे स्वीकारें कहना मुश्किल है राजनीति में इस तरह का खेल चलता रहता है तब आत्मानंद स्कूल को लेकर भी तो शायद सरकार घिरी हुई है क्योंकि भूपेश बघेर ने जिस तरीके से आत्मानंद स्कूल बनाकर पढ़ाई के क्षेत्र में शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा काम किया था अब उन स्कूलों को पीएम श्री योजना में शामिल किया जा रहा है यही नहीं इस उमस के दौरान भी बारिश का मौसम है उमस होता है बच्चों की जो क्लासे लगाई जा रही उसमें कहीं किसी तरह की सुविधाएं भी नहीं है और परिपत्र पर परिपत्र जारी किया जा रहा है आत्मानंद स्कूल के प्राचार्य द्वारा इस हम फिर कभी विस्तार से बात करेंगे क्योंकि यह बड़ा महत्त्वपूर्ण काम है शिक्षा लेकिन दूसरी तरफ खुद सरगुजा क्षेत्र में और कई क्षेत्र होंगे अभी जो वीडियो आए हैं वे सरगुजा क्षेत्र के गोरेला पेंड्रा मरवाही जिले की है जहां बच्चों को उफनती नदी में स्कूल जा के लिए जद्दोजहद करना पड़ रहा है आप खुद सोचिए कि उनके अभिभावक किस तरीके से चिंतित होंगे लेकिन सरकार का अपना रवैया है मंत्री कुछ कहते हैं सत्ता कुछ बताती है ऐसी परिस्थिति में महिलाओं को लेकर एक बड़ी गारंटी दी गई थी 500 रप में सिलेंडर राजस्थान साथ में ही चुनाव हुए थे साथ में ही सरकार बनी है वहां शुरू हो गई है लेकिन अभी तक छत्तीसगढ़ में इसकी कोई सु गाहट प्रशासनिक तौर पर दिखाई नहीं दे रही तो क्या नगरी निकाय चुनाव के पहले शहर सरकार बनाने के नाम से इस योजना को अभी रोक दिया गया है और नगरी चुनाव के लिए वोट बैंक बनाने इस योजना की घोषणा की जाएगी कहना मुश्किल है क्योंकि जिस तरीके से साय सरकार चल रही है वह सब काम तो मोदी शाह के इशारे पर कर रही है कांग्रेस ने तो इसे रिमोट कंट्रोल वाला सरकार बता दिया है यहां तक कि मंत्रिमंडल का विस्तार नहीं हो पा रहा है निगम मंडल आयोग की नियुक्ति को लेकर कार्यकर्ता आक्रोशित है उसकी भी नियुक्ति नहीं हो रही तब देखना है कि आने वाले दिनों में सरकार विधानसभा में किस तरीके से कांग्रेस के सवालों का जवाब देती है विधानसभा घेराव को किस तरीके से रोकती है और कर्मचारियों में जो आक्रोश है उसे कैसे समाधान करती है ।

Vidio देखें 


https://youtu.be/2eeHzLliMBA?si=jd-1nsoCQE_7xRsx

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